लखनऊ, 29 अप्रैल। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गंगा एक्सप्रेसवे के उद्घाटन को लेकर केंद्र और राज्य की सरकार पर हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि एक्सप्रेसवे निर्माण की सोच समाजवादियों की देन है और वर्तमान सरकार अधूरे प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन कर रही है। साथ ही महंगाई, महिला आरक्षण और चुनाव प्रणाली जैसे मुद्दों पर भी सरकार को घेरा।
लखनऊ में बुधवार को पत्रकारों से बातचीत के दौरान अखिलेश यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा गंगा एक्सप्रेसवे के उद्घाटन पर कटाक्ष करते हुए कहा कि एक्सप्रेसवे निर्माण की असली समझ समाजवादी पार्टी ने दी है। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार अधूरे एक्सप्रेसवे बनाकर उनका उद्घाटन कर रही है, जबकि पूर्ववर्ती सरकार ने बेहतर गुणवत्ता और सुविधाओं वाले प्रोजेक्ट्स तैयार किए थे।
उन्होंने कहा कि नोएडा-आगरा एक्सप्रेसवे समेत कई प्रमुख परियोजनाएं समाजवादी सरकार की उपलब्धियां रही हैं, जिनमें बेहतर सुविधाएं और प्लानिंग थी। उन्होंने सवाल उठाया कि प्रधानमंत्री ने आगरा के विकास की बात तो की, लेकिन उसके अनुरूप ठोस कार्य नहीं हुए।
सपा अध्यक्ष ने महंगाई के मुद्दे पर कहा कि जब तक ‘बुरे दिन’ खत्म नहीं होंगे, तब तक आम जनता को राहत नहीं मिलेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने कुछ चुनिंदा लोगों को लाभ पहुंचाकर अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाया है। महिला आरक्षण कानून को लेकर अखिलेश यादव ने कहा कि कानून बनने के बावजूद इसे लागू नहीं किया जा रहा है। उन्होंने भाजपा पर महिलाओं को भ्रमित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि अगर सरकार चाहे तो इसे आगामी चुनावों में लागू कर सकती है।
चुनाव प्रणाली पर सवाल उठाते हुए उन्होंने ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर से चुनाव कराने की वकालत की। उनका कहना था कि कई विकसित देशों में आज भी बैलेट पेपर का इस्तेमाल होता है और भविष्य में उनकी पार्टी इस दिशा में प्रयास करेगी। पश्चिम बंगाल के राजनीतिक परिदृश्य पर टिप्पणी करते हुए सपा प्रमुख ने ममता बनर्जी की जीत का दावा किया। उन्होंने आरोप लगाया कि वहां केंद्रीय एजेंसियों के जरिए समानांतर ढांचा खड़ा किया गया है, लेकिन जनता लोकतंत्र को बचाने के लिए मतदान करेगी।
गाजीपुर की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए और आरोप लगाया कि प्रशासन और प्रभावशाली लोगों की मिलीभगत से पीड़ितों को न्याय नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने इसे गंभीर मामला बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की। अंत में अखिलेश यादव ने दावा किया कि प्रदेश में समाजवादी पार्टी के पक्ष में माहौल बन रहा है और आने वाले समय में राजनीतिक बदलाव देखने को मिलेगा।





