नई दिल्ली, 14 अगस्त (आईएएनएस)। दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र के ‘पीएम विश्वकर्मा’ योजना के 100 लाभार्थियों को यहां लाल किले पर आयोजित होने वाले 80वें स्वतंत्रता दिवस समारोह को देखने के लिए विशेष अतिथि के रूप में निमंत्रित किया गया है। एक आधिकारिक बयान में शुक्रवार को यह जानकारी दी गई।
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (एमएसएमई) के अनुसार, ये लाभार्थी अपने जीवनसाथी या साथ आने वाले व्यक्ति के साथ राष्ट्रीय समारोह में शामिल होंगे।
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय ने बताया कि विशेष अतिथियों में विभिन्न पारंपरिक व्यवसायों से जुड़ी महिला कारीगर भी शामिल हैं। यह योजना महिलाओं के आर्थिक सशक्तीकरण को बढ़ावा देने, उनकी आजीविका के अवसरों को मजबूत करने और भारत की पारंपरिक हस्तकलाओं तथा सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने पर विशेष ध्यान देती है।
समारोह में भागीदारी के तहत इन लाभार्थियों को सम्मान और सराहना के प्रतीक के रूप में स्मृति चिह्न भी प्रदान किए जाएंगे।
‘पीएम विश्वकर्मा’ योजना सरकार की प्रमुख पहलों में से एक है, जिसे पारंपरिक व्यवसायों में लगे कारीगरों और शिल्पकारों को व्यापक सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू किया गया था।
इस योजना के तहत कारीगरों और शिल्पकारों को कौशल उन्नयन, आधुनिक उपकरण, वित्तीय सहायता, डिजिटल सुविधाओं और बाजार से जुड़ाव के माध्यम से मदद प्रदान की जाती है। इसका उद्देश्य कारीगरों का सामाजिक-आर्थिक सशक्तीकरण करना, पारंपरिक शिल्प को मजबूत करना और टिकाऊ आजीविका के अवसर सुनिश्चित करना है।
सरकार के अनुसार, अब तक इस योजना के तहत 30 लाख पारंपरिक कारीगरों और शिल्पकारों का पंजीकरण किया जा चुका है।
स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए निमंत्रित लाभार्थी ‘पीएम विश्वकर्मा’ योजना के तहत शामिल 18 पारंपरिक व्यवसायों का प्रतिनिधित्व करते हैं। इनमें दर्जी, बढ़ई, सुनार, लोहार और ताला बनाने वाले कारीगरों सहित अन्य पारंपरिक पेशों से जुड़े लोग शामिल हैं।
इसके अलावा, आमंत्रित लाभार्थियों ने योजना के तहत उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं का लाभ उठाया है। इनमें पंजीकरण, बुनियादी कौशल प्रशिक्षण और टूलकिट के साथ-साथ कार्यक्रम के तहत उपलब्ध अन्य सहायता भी शामिल है।
मंत्रालय ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस समारोह में ‘पीएम विश्वकर्मा’ योजना के लाभार्थियों की भागीदारी भारत की सांस्कृतिक विरासत में पारंपरिक कारीगरों और शिल्पकारों के योगदान की मान्यता के तौर पर है।
मंत्रालय ने कहा कि लाल किले पर इन लाभार्थियों की मौजूदगी से उन्हें 80वें स्वतंत्रता दिवस समारोह को प्रत्यक्ष रूप से देखने और राष्ट्रीय आयोजन में भाग लेने का अवसर मिलेगा।





