रीवा: मध्य प्रदेश के रीवा में सरकारी किताबों के गोदाम में अचानक लगी आग ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। बताया जा रहा है कि इसी गोदाम से करीब 35 लाख रुपये मूल्य की 450 बंडल सरकारी पुस्तकें गायब होने की शिकायत सामने आई थी। इन किताबों के स्टॉक की जांच के लिए भोपाल से टीम आने वाली थी। इसी बीच गोदाम में आग लगने की घटना सामने आई, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।
प्रारंभिक जांच के अनुसार आग की चपेट में आकर करीब 25 बंडल किताबें पूरी तरह जलकर राख हो गई हैं, जबकि इतनी ही संख्या में अन्य बंडल आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त बताए जा रहे हैं। इसके अलावा गोदाम में रखी बड़ी संख्या में दूसरी किताबों को भी नुकसान पहुंचा है। आग के कारण सरकारी पुस्तकों के स्टॉक और उनकी वास्तविक स्थिति को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं।
बताया गया है कि इन किताबों का वितरण हजारों छात्रों के बीच किया जाना था। ऐसे में गोदाम में लगी आग का सीधा असर छात्र-छात्राओं तक पहुंचने वाली शैक्षणिक सामग्री पर पड़ सकता है। घटना के बाद चौरहटा थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मामले में सबसे बड़ा सवाल यह है कि जिन किताबों के स्टॉक का मिलान किया जाना था, उनके गायब होने के बाद अचानक गोदाम में आग कैसे लग गई। क्या यह महज हादसा था या फिर किसी साजिश के तहत महत्वपूर्ण रिकॉर्ड और सबूतों को नष्ट करने की कोशिश की गई? फिलहाल इन सवालों के जवाब जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएंगे।
स्थानीय स्तर पर यह भी सवाल उठ रहा है कि भोपाल की जांच टीम के पहुंचने से पहले ही गोदाम में आग लगना महज संयोग है या इसके पीछे कोई और वजह है। पुलिस अब आग के कारणों के साथ-साथ गायब किताबों, स्टॉक रजिस्टर और संभावित साक्ष्यों की भी पड़ताल कर रही है। घटना ने सरकारी व्यवस्था और रिकॉर्ड की सुरक्षा पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।





